Hindi Gay chudai kahani – बचपन की दोस्ती

Click to this video!

Hindi Gay chudai kahani – बचपन की दोस्ती

पुप्लू मेरे गाँव का ही लड़का था और बचपन में हम लोग साथ साथ ही रहे थे। उसका बाप हमारे घर का पुराना नौकर था, मगर गाँव देहात में इन सब चीज़ों को कोई नहीं मानता। हम लोग साथ ही दिन भर खेला करते थे और मेरी उम्र उस समय लगभग अठारा साल की थी. मैं नया नया जवान हुआ था और जैसा कि होता है, अक्सर सेक्स के बारे में सोचा करता था, मगर कभी मौका नहीं मिला था।

हम और पुप्लू रोज़ सुबह शौच के लिए लोटा ले कर खेत में जाते थे और अगल बगल ही बैठ जाते थे। हर दिन साइड से मुझे उसका लटका हुआ आण्ड और थोड़ा सा लौड़ा दिख जाता था। मेरे बदन में हमेशा उसका सामान देख कर थोड़ी थोड़ी झुरझुरी हुआ करती थी। मैंने तब तक किसी भी लड़के या लड़की के साथ सेक्स नहीं किया था मगर दिल तो हमेशा रहता था कि और कुछ नहीं तो किसी लड़के के साथ ही थोड़ी बहुत छु-छा हो जाये।

मैं मूठ मारा करता था अकेले में, मगर जो मज़ा किसी के साथ है वो अकेले में कहाँ !

मैं मन ही मन योजना बनाने लगा कि किसी तरह से पुप्लू को पटाया जाए साथ में मज़ा लेने के लिए।

एक दिन जब हम सुबह शौच के लिए गए तो उसका लंडकुछ ज्यादा ही बड़ा दिख रहा था। मैंने मजाक करते हुए पुप्लू से कहा,”क्या यार, अब तुम्हें शादी कर लेनी चाहिए !”

“क्यों”

“तुम्हारा मन कर रहा होगा”

“ये कैसे कह रहे हो?”

“मुझे लगा !”

मगर पुप्लू ने उस से ज्यादा कोई बात नहीं की। मैं भी मन मसोस कर रह गया।

अगले दिन हम सभी को एक शादी के लिए बगल के गाँव में जाना था। पुप्लू भी साथ में गया। रात में ऐसा हुआ कि हम दोनों को सोने के लिए छत पे बना हुआ एक कमरा दे दिया गया। कमरा छोटा ही था और बिस्तर तो और भी छोटा, मगर मैं मन में खुश हो रहा था कि शायद आज कुछ इधर उधर की बात हो। मगर पुप्लू लेटते ही सो गया। मेरे बदन में तो झुरझुरी चालू थी और मेरा लौड़ा भी थोड़ा थोड़ा खड़ा हो रहा था।

जब मुझे लगा पुप्लू पूरी तरह सो गया है तो मैंने धीरे से करवट बदला और अपना हाथ उसके घुटनों के थोड़ा ऊपर रख दिया। उसने लुंगी पहन रखी थी आधा मोड़ कर। धीरे धीरे मैंने अपना हाथ ऊपर उठया और सीधे उसके लंड के ऊपर रख दिया। शायद उसका लंड अभी सोया हुआ था और ऐसे भी लुंगी के ऊपर से पता नहीं चल पा रहा था। मैंने हलके से लुंगी को ऊपर से उसके लंड को दबाने की कोशिश की. मैंने लुंगी के ऊपर से उसका लौड़ा पकड़ लिया. उसका लंड अभी एकदम ठडा पड़ा हुआ था मगर फिर भी बहुत ज्यादा मोटा लग रहा था।

मैंने धीरे धीरे उसके लंड को दबाना शुरू किया कि शायद पुप्लू अगर जगा हो तो उसे पता चल जाये कि क्या हो रहा है।

पुप्लू ने धीरे से अपना देह हिलाया जिससे मुझे लगा कि शायद वो जग गया है। मगर उसने मेरे हाथ को हटाने की कोशिश नहीं की। मैंने अपना सहलाना जारी रखा। थोड़ी ही देर में मैंने महसूस किया कि उसका लंड थोड़ा थोड़ा कड़ा हो रहा है। मैंने अब उसके लौड़े को थोड़ा और कस के दबा दिया। लुंगी के अन्दर से उसका लंड अब एकदम बड़ा हो गया था। मैंने धीरे से अपना हाथ हटाया और उसकी लुंगी को थोड़ा ऊपर उठकर अन्दर डाल दिया।

अब मेरा हाथ उसके जांघिये के ऊपर था। मैंने पाया कि उसका लंड रह रह कर हलके से उछल रहा था। मेरी हिम्मत और बढ़ गई और मैंने धीरे से उसके जांघिये को सरका कर उसका लंड पूरा पकड़ लिया। पुप्लू का लंड इतना बड़ा था कि मुझे यकीन ही ना हुआ। मैंने उसका सुपाड़ा अपने हाथ में ले लिया और हौले से रगड़ने लगा। उसके सुपाड़े पर से मैंने चमड़ी नीचे खींच दी और उसका हल्का सा अहसास लिया। उसके सुपाड़े से थोड़ा थोड़ा भीगा रस चिकना इतने में पुप्लू ने करवट ली और मेरे बदन पे अपना पैर रख दिया और मुझे हल्के से अपनी बाँहों में भींच लिया। अब हम दोनों के मुँह एक दूसरे के पास पास थे और मेरे हाथ में उसका बड़ा सा लौड़ा था। उसका लंड लगभग साढ़े छः इंच लम्बा और मोटाई लगभग पांच इंच थी। उसके लम्बे लम्बे झांट मेरे हाथों में फँस रहे थे। मैंने उसका लौड़ा सहलाना चालू रखा। पुप्लू ने धीरे से मेरे गालों पे एक किस कर लिया। मैं भी अब एकदम गरम हो गया था और मैंने भी अपने हाफ पैंट को खोल कर सरका लिया. अब हम दोनों एक दूसरे से एकदम सट गए थे और मेरा लंड उसके जांघ को छू रहा था। मैंने अपना हाथ उसके लंड से हटा लिया और उसकी पिठ पे रख दिया। अब हम दोनों अपने लौड़े को आपस में रगड़ रहे थे। पुप्लू की सांस भी तेज़ हो चली थी।

थोड़ी देर में मुझे अहसास हुआ कि पुप्लू मेरे सर को धीरे से नीचे की ओर धकेल रहा था। मुझे लग गया कि शायद वो मेरा मुँह अपने लंड के पास ले जाना चाहता है। मैंने भी कोई प्रतिकार न किया और नीचे की ओर सरकता गया। थोड़ी ही देर में मेरा मुंह उसकी जांघों के पास था। उसका लोहे जैसा कड़ा लंड बिलकुल मेरे होंठ के पास था और उससे एक इतने के बाद पुप्लू ने हल्के से अपने बदन को आगे बढ़ाया जिससे कि उसके लंड का सुपाड़ा मेरे मुँह में आ गया। मैंने धीरे से उसका पूरा का पूरा लंड ही अपने मुँह ले लिया जो इतना बड़ा और मोटा था कि मुझे मुंह में रखने में भी दिक्कत आ रही थी।

मैंने उसके लंड को बड़े प्यार से चूसना चालू कर दिया और पुप्लू भी हौले हौले से धक्के लगाने लगा। उसका एक झांट टूट कर मेरे जीभ पे आ गया था जिसे मैंने हटा दिया। उसका लंड बेहद गरम था और उससे थोड़ा थोड़ा पानी भी निकल रहा था जिसका नमकीन स्वाद मुझे बड़ा ही अच्छा लग रहा था। मैंने अपनी जीभ उसके सुपाड़े के चारों तरफ घुमानी शुरू कर दी जिससे वो और भी ज्यादा गरम हो गया। पुप्लू ने अपने हाथ से मेरे सर को दबाना शुरू कर दिया और अपने धक्के भी तेज़ कर दिए। मैंने अपना लंड उसकी टांगों के बीच डाल दिया था और हल्के से आगे पीछे कर रहा था। थोड़ी देर में पुप्लू के मुँह से ऊं ऊं की हल्की आवाज़ आने लगी और उसके धक्कों की रफ्तार भी बढ़ गई। मैंने उसका सुपाड़ा चाटना जारी रखा। दस पंद्रह मिनट के बाद मुझे लगा कि उसके लंड से वीर्य की धार निकल रही है। मैंने भी बहुत बार मूठ मार कर अपना माल गिराया है मगर इतना ज्यादा कभी नहीं निकलते देखा था। मेरा पूरा मुँह उसके वीर्य से भर गया था। उसका वीर्य बहुत ही नमकीन था और मैं उसे पूरा का पूरा पी गया। थोड़ा सा वीर्य मेरे गाल और होठ पे भी निकल आया था जिसे मैंने चाट लिया।

पुप्लू की टांगों के बीच मेरा लंड दबा रखा था और मैं भी लगभग साथ साथ ही झड़ गया।

मैंने अपने मुँह से उसका लौड़ा बाहर निकाला और चमड़ा खींच कर सुपाड़े के ऊपर कर दिया। पुप्लू भी करवट बदल कर वापस सो गया। मुझे इतना मज़ा जिंदगी में कभी नहीं आया था। चूंकि मेरा गिर चुका था इसलिए मुझे भी जल्दी ही नींद आ आ गई और मैं सो गया।

लगभग दो घंटे बाद मुझे लगा कि पुप्लू ने मेरे पैंट के अन्दर हाथ डाल दिया है और धीरे से मेरे गांड के छेद को सहला रहा है। मुझे भी मज़ा आने लगा और मैंने झट से अपना पैंट खोल कर हटा दिया और घूम कर उसके लौड़े को फिर से मुँह में ले लिया। जब पुप्लू का लंड पूरा गरम हो गया तो उसने मुझे पेट के बल लेटा दिया और मेरे ऊपर चढ़ गया पीछे से।

उसने पहले तो मेरे चूतड़ों को हल्का सा अलग किया और गांड के छेद पे झुक कर थूक दिया। मैं समझ गया कि अब वो मेरी गांड मारना चाह रहा है। मगर उसका लौड़ा इतना बड़ा था कि मेरी हिम्मत नहीं हो रही थी। मैंने धीरे से कहा,”पुप्लू तुम्हारा बहुत ज्यादा मोटा है, नहीं घुस पायेगा।”

“सब चला जायेगा, थोड़ा आराम से ढीला करो छेद !”

यह कह कर उसने मेरे गांड के छेद पे थोड़ा और थूक लगाया और उंगली से सहलाने लगा। मुझे बहुत ज्यादा मज़ा आ रहा था। फिर धीरे से उसने अपने सुपाड़े को मेरी गांड के छेद पे रखा और अन्दर की ओर धकेलने लगा। मुझे बड़ा दर्द हुआ मगर पुप्लू ने अपने पैरों से मुझे कस कर जकड लिया था जिससे कि मैं हिल नहीं पाया। धीरे धीरे उसने पूरा ही सुपाड़ा मेरी गांड में घुसा दिया और अंत में पूरा लौड़ा अंदर चला गया।

मुझे भी अब बहुत मज़ा आने लगा था और मैं भी नीचे से धीरे धीरे गांड उचका कर ठप देने लगा। पंद्रह बीस मिनटों बाद उसका पूरा वीर्य मेरी गांड में ही निकल गया। मैं भी अपने लंड को चादर में रगड़ता जा रहा था और मेरा भी तुंरत ही गिर गया।

“पुप्लू अब बाहर आ जाओ !” मैंने कहा।

“रुकिए न, थोड़ा बाथरूम में चलते हैं।”

“क्यों?”

“चलियेगा तब तो !”

पुप्लू ने अपना लौड़ा भीतर ही रहने दिया और मुझे उसी अवस्था में खींच कर बाथरूम में ले गया। बाथरूम का दरवाज़ा सटा हुआ ही था। अन्दर जा कर हमदोनों खड़े हो गए और उसका लंड अभी भी मेरी गांड में फंसा हुआ था।

“क्या कर रहे हो पुप्लू?”

“अभी पता चल जायेगा !”

थोड़ी देर वैसे रहने के बाद मुझे लगा कि जैसे उसके लौड़े से कोई गरम धार सी मेरी गांड में गिर रहा है। मैं समझ गया कि पुप्लू ने मेरी गांड में ही अपना पेशाब कर दिया है। फिर हम दोनों अलग हुए और आ कर सो गए वापस। उस दिन मैंने तीन बार और उसका लौड़ा चूसा और अपनी गांड मरवाई।

हालाँकि इस घटना को अब सात साल गुजर गए, पुप्लू की शादी हो गई, मगर अब भी जब मैं गाँव जाता हूँ तो मैं उसका मोटा लंड अपने मुँह में जरूर लेता हूँ और वो मेरी गांड भी मारता है।

Comments


Online porn video at mobile phone


Nude thick&large lundsexindian uncle ka lund chosnanaked indian guy and meMale Indian hairy chest nakedpatan.gay.pronहिन्दी गे लडको लडको की सेक्स कहानीdesi lungi hard cockhot aisa tau gayold papa or boy sexy gay kahaniwww.twinks mard.comdesi gay naked galleryxnxxxchennaigay wet underwear pornwww.video porno indiadesi gay feminization punjab sex storiesdesi gay porndesi gay porn videodesi guys gay hottie nudeindian gay uncle suckingmere room partner sex xxxindian gay blowjob video from a very closeup -erotic angle /indian gay siteindian dickgay ladka pase xxxdesi gay porn masti holihairy gay nude kahaninaked men wrestlingdesi old papa pornporogi canotomotiv video download .xxxbanglas.cothreesome desi gayIndian gay men nude photodesi gandu sex.xxxbanglas.coindian gay sex photohot mard boy full nude photoसेकसी बिपी पिचरMarathi Gay Sex Story: अनपेक्षित कथा संग्रह मधील कथा कxxx indian oldman open fullbody.desi south indian male nudetelugugaysxygay pornhindi story lundbaf31 ru nude boyuncut indian cockIndian gay foursome videoIndian sexIndians gay porn daddiesdesi penis picssex मोटर साइकिल सिखाते सिखाते चोदा videodesi gay sexindian hunks erect penisGaysex. Hindindian gay lungi cock porncewek india bugil memek lemuSex.g.desiIndian cock nude picssardar ji gay sex pornIndian gay hold dick xvedioindian big cock mendesi gay Indian porndeshi big lund pic coock sexdesi indian friend sleeping gay lund touch xxxvideosex.punjabi.gayindian gay bear cockDesi old gay cock manindain gay boy model nudehindi male nude videonude desi boy groupfuckdesigaylundsexsexwww.hindi gay site urdu zuban comhddesigaysexGay nude indiaindian desi very hard big cock full HD photobig cockmen lungi loversIndian daddy gay sex picIndian xxx lund army boys indian desi dickgay indian boys nude hd picsdesi.1.xxxanteruasna gay cildrenhot indian gay boys geoup dry humping in outdoordesigaysiteindian gay site sexDesiass pics in Desi kachhi pics indian gay uncles nudedesi nude boysdesi Indian sex commentssex gay desi gandgey ko paise diye aur chod diya sex kahaniuncle k liye gay bnadesigay boyKhan gay xxxxxindian hairy men gay sex